गढ़वाल के यातायात के इतिहास का एक शानदार अध्याय
उत्तराखंड में यातायात के संदर्भ में की गई कोई भी बात 50 वर्ष पूरा कर चुकी गढ़वाल मोटर यूजर्स कोऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड के बगैर अधूरी रहेगी। यह संस्था सहकारिता के आधार पर स्थापित यातायात की अविभाजित उत्तर प्रदेश में पहली संस्था थी। मैदानी क्षेत्रों में मोटर सड़कें व पटरियाँ होने के कारण वहाँ पर गाड़ियाँ [...]
यह कैसी छात्र राजनीति है ?
कुमाऊँ में इन दिनों छात्र राजनीति गर्मायी हुई है। कारण न तो कोई छात्र संघ चुनाव है और न ही काई छात्र आंदोलन। बस लड़ाई है तो अपने-अपने वर्चस्व की। बेहद अनुशासन व छात्र हितों के लिये लड़ने का दंभ भरने वाले दो छात्र संगठन सड़कों पर तो आए लेकिन उसमें छात्र हित नदारद था। [...]
सरकार की मदद के बगैर भी हर साल खिलते हैं बसन्तोत्सव के रंग
रामनगर में होने वाले वसंतोत्सव में हर साल की तरह प्रदेश के विभिन्न स्थानों से आये लोक कलाकारों ने ऐसा रंग बिखेरा कि पाँच दिनों तक रामनगर उत्तराखंड की लोक संस्कृति में सराबोर हो गया। गौरतलब है कि प्रतिवर्ष कुमाऊँ व गढ़वाल की संस्कृति के संगम माने जाने वाले रामनगर में वसंत पंचमी के अवसर [...]
शासनादेशों से आतंकित हैं प्रत्याशी
नये वर्ष की शुभकामनायें देते होर्डिंगों, पोस्टरों व विज्ञापनों के साथ शहर में निकाय चुनावों का आगाज हो गया है। पर सम्भावित उम्मीदवार खुल कर सामने नहीं आ रहे हैं। कारण है शासन द्वारा जारी शासनादेश, जो नये नियमों के साथ उम्मीदवारों के लिये मुश्किलें खड़ी कर सकते हैं। फरवरी 2008 में प्रदेश भर में [...]
क्या अस्पतालों में संवेदना नहीं बची
सरकार भले ही अस्पताल में प्रसव यानी जीवन वरदान नारे को आम जनता तक पहुँचाने के लिये करोड़ों रुपया क्यों न खर्च कर रही हो, लेकिन दिनेशपुर के चिकित्साकर्मियों को शायद ही इस नारे की अहमियत का ख्याल हो। यदि होता तो एक गरीब महिला को अपने नवजात शिशु से हाथ न धोना पड़ता। गौरतलब [...]
पत्रकार की शामत
अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमले बढ़ते जा रहे हैं। हाल ही में बिहार के एक विधायक अनंत कुमार की गुंडागर्दी तथा पत्रकार के साथ मारपीट का नजारा सभी ने टीवी पर देखा। इधर देहरादून में पत्रकारों के साथ अमरमणि त्रिपाठी के समर्थकों तथा जेल कर्मचारियों के दुर्व्यवहार को ज्यादा समय नहीं बीता था कि रामनगर [...]
ये उद्योग तो खुशहाली के बदले असंतोष ला रहे हैं !
ऐसा लगता है कि उत्तराखंड के उद्योगों को किसी की नजर लग गयी है। महामारी बन चुकी बेरोजगारी से यहाँ के युवाओं को निजात दिलाने के लिये लगाये गये उद्योग श्रमिक असंतोष से घिरे हुए हैं। सिडकुल जाँच के घेरे में है। बढ़ते श्रमिक असंतोष सरकार के लिये मुसीबत बन गये हैं। रामनगर से कुछ [...]
पालिका सदस्यों की बर्खास्तगी का अभूतपूर्व निर्णय
आखिरकार रामनगर में नजूल भूमि पर अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ शासन को फैसला लेना ही पड़ा। राज्यपाल के आदेश द्वारा नगरपालिका परिषद् के चार सदस्यों को उनके पदों से बर्खास्त कर दिया गया। शहरी विकास विभाग के सचिव शुत्रुघ्न सिंह की ओर से यह अधिसूचना 8 अक्टूबर को जारी हुई। यह कार्यवाही तीन वर्ष [...]
इन फालतू विद्यालयों का मतलब क्या है
बिना अध्यापकों, पुस्तकों व जर्जर भवनों वाले प्राथमिक स्कूलों में दाल-भात खाकर, किसी तरह इंटर कॉलेजों से निकलने के बाद सुनहरे भविष्य का सपना संजोये छात्र-छात्रायें जब महाविद्यालयों में प्रवेश लेते हैं तो उन्हें कैसी शिक्षा मिलती है, यह सोचने का विषय है। उत्तराखंड बनने से पहले यहाँ 30 महाविद्यालय हुआ करते थे। स्टाफ व [...]
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