छ्वी बथ
[राजेन्द्र रावत ' राजू' द्वारा लिखा गया यह लेख 15 से 31 अक्टूबर 1982 के नैनीताल समाचार में प्रकाशित हुआ था। उनके द्वारा लिखे गये अन्य लेख पढ़ने के लिये यहाँ क्लिक करें ] (शोलापुर चादरों के लिये विख्यात शहर है। परंतु पौड़ी के उन आदमियों के लिये जो जन्मांध श्रीनिवास नारायण करदास को जानते [...]
पहली बरसी पर सखा सत्यम को श्रद्धांजलि
[राजेन्द्र रावत ' राजू' द्वारा लिखा गया यह लेख 1 अगस्त 1984 के ‘नैनीताल समाचार’ में प्रकाशित हुआ था। उनके द्वारा लिखे गये अन्य लेख पढ़ने के लिये यहाँ क्लिक करें ] सिविल लाइन्स, पौड़ी का इलाका। तीन कमरे और समकोण बनाता हुआ लगभग 6 फुट चौड़ा बरामदा। एक कमरे में मशीन, दूसरे में कागज, [...]
ईष्र्या, द्वेष और लालच की प्रवृत्ति पर चुटीला व्यंग्य है ‘पाणि’
नरेन्द्र कठैत गढ़वाली के उभरते हुए समर्थ रचनाकार हैं। 2003 मे डॉ. आशाराम’ के नाम से उनका गढ़वाली हास्य व्यंग्य नाटक प्रकाशित हुआ था। लेकिन 2006 में प्रकाशित हुए काव्य संग्रह ‘कुल्ला पिचकारी’ और इस वर्ष ‘पाणि’ खण्डकाव्य प्रकाशित हुआ है। नरेन्द्र कठैत गढ़वाली के उन गिने-चुने लेखकों में हैं जिन्होंने हर विधा में कलम [...]
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