घामतपवे भाबर से साइबर युग में फटक मारता हल्द्वानी . समापन किस्त
स्मृतियों की बारात इतनी लम्बी होती है कि उसका सब कुछ याद रख पाना सम्भव नहीं होता। उस बारात में खो जाना भी स्वाभाविक है। संस्मरण में वर्ण्य वस्तु-व्यक्ति के अतिरिक्त लेखक स्वयं भी अंकित होता चलता है और वह तटस्थ नहीं रह पाता है। लेखक जो स्वयं देखता है, अनुभव करता है उसी का [...]
घामतपवे भाबर से साइबर युग में फटक मारता हल्द्वानी . 17
बरेली रोड पर अब्दुला बिल्डिंग आज भी एक लैंडमार्क है। अब्दुल माजिद के अनुसार अल्लाबख्श साहब के बगीचे में हुनरमन्दों के हाथों इसका निर्माण 1902 में शुरू हुआ था। उस समय यहाँ जंगली जानवर टहलते रहते थे। 1920 से अब्दुल्ला बिल्डिंग का व्यावसायिक इस्तेमाल होने लगा। अब्दुल्ला साहब के मंगल पड़ाव वाली बिल्डिंग के सामने [...]
रहस्यमय है पवन की मौत
क्या बाघ मानव का शिकार करने से पूर्व उसके कपड़े उतार लेता है ? उसके गुप्तांग काट डालता है? पिथौरागढ़ पुलिस की मानें तो यह सम्भव है। बैंगलुरु में साफ्टवेयर इंजीनियर, मूलतः सुनारगाँव (कांडा) निवासी 30 वर्षीय पवन वर्मा 19 मई 2012 को अपने दो साथियों के साथ कांडा से थल को निकले। अगले दिन [...]
इस तरह खाली हो रहे हैं गाँव
एक समय कलजीखाल विकास खण्ड का चैन्डली गाँव आबाद था। यहाँ कृषि होती थी। पशुपालन होता था और गाँव में कुल पन्द्रह परिवार मजे से अपनी जिन्दगी गुजारते थे। किन्तु धीरे-धीरे परिस्थितियाँ विकट होती चली गईं। मूलभूत सुविधाओं की तो पहले से ही कमी थी। जंगली जानवरों द्वारा फसलें उजाड़ने से लोगों ने पहले खेती [...]
समाचार की यात्रा के बहाने जाने दूरस्थ ग्रामीणों के दुःख-सुख
महेश/धीरज यात्रा तो दरअसल नैनीताल समाचार के लिये छिटपुट आर्थिक संसाधन जुटाने और लगे हाथों इन दूरस्थ क्षेत्र में मौजूद समाचार के पाठकों के सुख-दुःखों को समझने के लिये थी… बागेश्वर से कपकोट-भराड़ी की ओर जाने में आरे गाँव से ही सड़क की दुर्दशा दिखाई देती है। सड़क की नालियाँ कीचड़ से भरी होने के [...]
लड़कियों का पढ़ पाना तो असंभव है इन हालातों में
लंबे अरसे के बाद गाँव की ओर जाने का मौका मिला। सुबह 7 बजे अल्मोड़ा शिखर होटल तिराहे पर लम्बा इंतजार करने के बाद भी जब गाड़ी नहीं मिली तो धारानौला बस स्टेशन जाने का फैसला किया। वहाँ एक जीप मिली, लेकिन बाड़ेछीना तक ही। वहाँ 10-15 मिनट पुनः इंतजार करने के बाद एक ट्रक [...]
हरेला तो बर्बाद हो रही प्रकृति को सँवारने का प्रयास होना चाहिये
पर्यावरण की उलटबांसियाँ – 3 प्राकृतिक संसाधन मनुष्य के अस्तित्व का आधार हैं, इसीलिए ये किसी व्यक्ति विशेष की निजी संपत्ति नहीं हो सकते। इन्हें कॉमन पूल रिसोर्सेज (कॉमन्स) कहते हैं। साझे प्राकृतिक संसाधन या कॅामन्स की परिभाषा करना आसान नहीं है। कॉमन्स न तो सरकारी संपत्ति है न सार्वजनिक। न ये कोई वाणिज्यिक परिसर [...]
आशल-कुशल : 01 अगस्त से 14 अगस्त 2012
कर्क संक्रांति के पर्व हरेले को राज्य में परमपरागत उत्साह के साथ मनाया गया। मुख्य मंत्री विजय बहुगुणा ने टिहरी लोक सभा सीट से सांसद के पद से अपना इस्तीफा लोक सभा अध्यक्ष को सौंपा। कृषि मंत्री हरक सिंह ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्र में बारिश न होने से 30 से 40 प्रतिशत सूखे की [...]
आरक्षण को लेकर आग
प्रफुल्ल चन्द्र पन्त सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पदोन्नति में आरक्षण की व्यवस्था को अमान्य किये जाने और इस फैसले के बाद अन्य संवर्गो के कर्मचारियों की पदोन्नति को स्थगित किये जाने के प्रदेश सरकार के निर्णय के बाद प्रदेश भर के कर्मचारियों में उबाल आ गया है। कर्मचारियों ने विरोधस्वरूप एक दिन का आकस्मिक अवकाश लेकर [...]
‘प्रथम’ आसान करेगा विज्ञान शिक्षा
शिक्षा क्षेत्र में सक्रिय भारत की बड़ी संस्थाओं में एक ‘प्रथम’ उत्तराखण्ड में विज्ञान शिक्षा को लेकर एक अभियान शुरू करने जा रही है। ‘अलायंस फॉर साइंस’ नाम के इस अभियान का उद्देश्य विज्ञान शिक्षा के बारे में अर्से से चले आ रहे दृष्टिकोण में बदलाव लाना है। जगजाहिर है कि विज्ञान की कक्षा बच्चों [...]
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