शाहना
हिया में बसे नंदलाल सजनियाँ
प्रान हमारे अब परबस हो गये
मुकुट मुरलिया ‘चारु’ पीताम्बर, अलक, तिलक, वनमाल
नैनन मग उतरे घट भीतर, बावरी भईं ब्रजबाल सजनियाँ,
प्रान हमारे अब परबस हो गये
धमार
डारो री मोहन पर रंग
खेलन आये होरी लला, वृषभान लली संग
अबीर गुलाल मलो इनके मुख
गरवा में डारो मृदंग
‘चारु’ चरन घुँघरवा संजाओ
नाचें प्रिया के संग-खेलन आये……….![]()
लुकुड़ा स्वदेसी बणै दि हालौ
मैकैं गाँधी को चर्खा मंगै दि हालौ।
अमन सभा कैं पन खेड़ौ हाड़ि।
गुलामी है नाम कटै दि हालौ
बिदेशी की सेवा में मेवा नि मिलना,
गाँधी की जै कैं बुले दि हालौ।
अड़ौसी पड़ोसी का बोली सुणनूं।
लुकुड़ा स्वदेसी बणै दि हालौ।
काम-काजन में गीत जथलुवा
छोड़ी इनन कन गवै दि हालौ।
झुकी आयो शहर में व्योपारी
झुकी आयो शहर में व्योपारी
अलि बेरैं की बेर यो गिरधारी।
पैप्सी कोला की गोद में बैठी
संसद मारे पिचकारी। झुकी आयो…
दिल्ली नगर में लूट मची है
आओ विदेशी व्यापोरी। झुकी आयो…
विश्व का बैंक, ब्रह्माण्ड की रचना
रामज्यू की महिमा न्यारी। झुकी आयो…
यात्रा रची, महायात्रा रची पर
धो-धो पुजे कन्याकुमारी। झुकी आयो…
भूकंप की हड़कंप मची तब
प्रगट भये वाँ ब्रह्मचारी। झुकी आयो…
हाथ में गड़वा, कांधे में धोती
बगल में दाबि राहत सारी। झुकी आयो…
बाँध रोको की टोक्याल छुटी फिर
टिहरी से बहुगुणकारी। झुकी आयो…
देश-प्रदेश विदेश गये सब
कर्ज कटोरा है सुखकारी। झुकी आयो…
मन मोहना तेरो रंग जमो है
आर्थिक नीति मनोहारी। झुकी आयो…
इस व्योपारी को इश्क लगे है
पलंग बिछा मोहनी प्यारी। झुकी आयो…
बसंत
रात उज्याली, घाम निमैलो
डान-कानन् केशिया फुलो
शिवज्यू कैं मारी मुट्ठी रङैकी
सारै हिमाल है गो छौ रङिलो
हुलरि ऐगे बंसतै की परी
फोकी गो जाँ-ताँ रङ पिङलो।
पिङली आज नानों की झगूली
पिङला ठुलों का टाँक पिङला
पिङलपूर धरती पिछौड़ी
पिङला आज अगासा बादला
हुलरि ऐगे बंसतै की परी।
ध्यान टुटो छार फोक्को जोगी को
आज विभूत जाँलै पिङली गे
मुल-मुल हँसै हिमालै की चेली
सुकिलि हँसि थोलनै अनमनी गे
हुलरि ऐगे बसंतै की परी।
बँण-बोटन फुली गईं पूङा
कैरू-किल्मोड़ी का काँन कौंलीणा
आडू.-कुस्म्यारू का फूल मौलीणा
हरिया सार में पिङलो दैंणा
हुलरि ऐगे बसंतै की परी।
सुर-सुर हवा पड़ी फागुंणै की
ठुम-ठुमा बँण परी नाचण फैगे
फर-फर उड़ो बसंती आँचल
सुर-बुर ही में कुरकुतालि लैगे
हुलरि ऐगे बसंतै की परी।
ख्वार चडै़या तिनाड़ जौं का
दैंण है जै या भुमिया गौं का
गाई की बाछी, चेली को च्योल
सबना माथी तुमरो हौ स्योल
हुलरनै रौ बसंतै की परी
फोकीनै रै जौ यो रङ पिङलो।
छोड़ो गुलामी खि़ताब
जन होया हिम्मतहार वीर कुमय्याँ हो।
स्वराज्य की पैंली किस्त मिली गैछ
टूटोछ कुलि उतार।
मुणि मुणि जंगलात लै खुलि गईं,
बाँकि छ छौड़नौ बिचार।
यो फल तुमरा यक्का को छ,
यैहै झन होया भ्यार-भ्यार।
तुमन है पैक बांकी क्वे न्हाँती जीति छ जरमन वार।
बागेश्वर में यक्का कर छियो,
कसि भैछ पोर परार।
यक्का बादशाह जीतन छ, सुक्क लागँछ सरकार।
भाजि बेर कैकन केनी मिलनो -
बल दिंछ सब अधिकार।
सब जाणि कमर कसी कसि रौला,
लीणा सूं हक्क तैयार।
शेर छिया तुम शेरै रौला जन मरौ स्यालैकि चार
स्वराज्य हमन कन ऊँ क्या देला
आपूं मांगनी उधार।
भारत में स्वराज्यै ल्यूंला गाँधीकि होली जैकार।
मगन मन फिरि तुम गाला बजाला
बणला रसिया होल्यार।
अम्बा जोबन बाली
खेलूंगी धूमार अम्बा जोबन बाली।। 2।।
घूमा मचै हरिद्वार अंबा जोबन बाली।।
तेरो बालम कहाँ गयो है।
गयो दिल्ली बजार अम्बा जोबन बाली।। खेलूँगी धूमार…।
बालमा जी ने निसानी भेजी।
पटूके रुमाल अम्बा जोबन बाली।। खेलूंगी घूमार…।
यो पटूके कहाँ पर सौ है।
कहाँ सो है रुमाल अम्बा जोबन बाली।। खेलूँगी घूमार…।
यो पोथो पटूकै कमरै पर सो है।
सिर पर तो सो है रुमाल अंबा जोबन वाली। खेलूंगी घूमार…।
बालम जी ने बाग लगाये।
दो नीबू एक अनार अंबा जोबन बाली। खेलूंगी घूमार…।
नीबू-नीबू कैसो होवै।
कैसो होवे अनार अंबा जोबन वाली। खेलूंगी घूमार…।
नीबू-नीबू खट्टो होवे।
मीठो होवे अनार अंबा जोबन वाली। खेलूंगी घूमार…।
यही मेरो मन मोहना रे श्याम बरन मन मोहना रे।।
नदिया तीरे की झोपड़ी रे घड़िया घड़िया लगत तीसा।
की जाने मोरो बाला देवरीया की जाने जगदीशा।। यही मेरो मन
कालो कालो बेंगन पिड.लो नीबू अनार।
लूरया लूरया रसिया छोटो मोटो गँवार।। यही मेरो मन मोहना रे।।
बिनु चन्दा को चाँदनी रै बिन सुना को सुनार।
बिनु मोतीयन को हार बिनु पीहूँ को सिंगार।। यही मेरो मन मोहना रे।
सूरज को बैरी सूरज को बैरी बदली रे बदली को बैरी बयार।
त्रिया को बैरी जोभना रे मछली को बैरी जाल।। यही मेरो मन मोहना रे।
पनियाँ पियारो मछली रे मछली पियारो तेल।
मुरखा मुरखा पियारी निदरा रे चतुर पीयारो खेल। यही मेरो मन मोहना रे।
गाड़ों कलेजा भी धरौ रे, ले उड़जा कागा।
जहाँ मेरो पिहूँ परदेशा बसत हैं देखि देखि खा दौ रे।।
यही मेरो मन मोहना रै श्याम बरन मन मोहना रे।।
(22.09.54, दौलत सिंह बोरा)