Browse: Home / environment article
लेखक : केशव भट्ट :: अंक: 23 || 14 जुलाई से 31 जुलाई 2010:: वर्ष :: 33 :August 9, 2010 पर प्रकाशित
भारतीय पर्वतारोहण संस्थान का प्रि मानसून अभियान दल 6,611 मी. ऊँची नंदा खाट चोटी फतह कर लौट आया है। विपरीत मौसम के बावजूद दल के चार सदस्य ईस्ट फेस से चोटी पर झंडा फहराने में सफल हुए। इस सफलता से सभी पर्वतारोही गद्गद हैं। 12 सदस्यीय इस दल के लीडर डॉ. अनिल गुर्टू केदारडोम व [...]
Posted in विविध, विशेषांक, हरेला-अंक | Tagged environment article, mountainerring, nandakhat, pindari, trekking |
लेखक : नैनीताल समाचार :: अंक: 23 || 14 जुलाई से 31 जुलाई 2010:: वर्ष :: 33 :August 8, 2010 पर प्रकाशित
प्रस्तुति : गौरव नौडियाल कुछ समय पहले तक श्रीनगर से आगे बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाते हुए नदी का विहंगम दृश्य एक अलग तरह का आनंद देता था। लेकिन अब इस पूरे इलाके में सतर्कता बढ़ गई है और शुरू हो गया है हमारे प्राकृतिक संसाधनों को हड़पने का एक घिनौना खेल। जहाँ कभी हरियाली [...]
Posted in उर्जा, विशेषांक, हरेला-अंक | Tagged dhari devi, energy, environment article, harela edition 2010, hydro power, hydro power projects, shrinagar |
लेखक : नैनीताल समाचार :: अंक: 21 || 15 जून से 30 जून 2010:: वर्ष :: 33 :June 28, 2010 पर प्रकाशित
प्रस्तुति : विनोद पांडे आजकल तरह-तरह के दिवस को मनाने का फैशन हो चला है। अर्थ डे, वेलेंटाइन डे, पेरेंट डे, मदर डे, फ्रेंड्स डे, वीमेंस डे, और न जाने क्या-क्या। किसी के प्रति जिम्मेदारी निभाओ या न निभाओ, श्राद्ध के तर्पण के कर्मकांड की तरह उसे एक दिन याद कर देने से सारी कमी [...]
Posted in पर्यावरण, विविध | Tagged environment article, environment day, पर्यावरण |
लेखक : नवीन जोशी :: अंक: 16 || 01 अप्रेल से 14 अप्रेल 2010:: वर्ष :: 33 :April 11, 2010 पर प्रकाशित
25 मार्च 2010 को पूरे बीस साल बाद मैं पौड़ी (गढ़वाल) में था। सन् 1988 में युवा और जोशीले पत्रकार उमेश डोभाल की हत्या के बाद पत्रकारों-संस्कृतिकर्मियों-समाजसेवियों के लम्बे संघर्ष से अपराधी कटघरे में आने लगे थे और 25 मार्च 1990 को उत्तराखण्ड के पत्रकारों ने पहला उमेश डोभाल स्मृति समारोह पौड़ी में आयोजित किया [...]
Posted in यात्रायें, विविध, संस्मरण | Tagged environment article, pauri, pauri garhwal, travel diary, पर्यावरण |
लेखक : दिनेश पंत :: अंक: 15 || 15 मार्च से 31 मार्च 2010:: वर्ष :: 33 :March 21, 2010 पर प्रकाशित
जनवरी माह के शुरूआती दिनों में भी पहाड़ सूखे हैं, लोग आसमान की ओर टकटकी लगाए हैं। बादल नित धोखा दे रहे हैं। नदियाँ अपने निम्न स्तर पर पहुँच चुकी हैं। जिन पहाड़ों में शीत ऋतु के प्रारंभ में ही बारिश व बर्फबारी का नजारा होता था, नदियाँ लबालब भरी रहती थीं, वहाँ के हालात [...]
Posted in पर्यावरण, विविध | Tagged climate change, environment article, global warming, globalisation, पर्यावरण |
लेखक : हरीश चन्द्र चंदोला :: अंक: 03 || 15 सितम्बर से 30 सितम्बर 2009:: वर्ष :: 33 :September 23, 2009 पर प्रकाशित
पितरों का श्राद्ध का पक्ष चल रहा है। उत्तराखंड में भी हिन्दू धर्म को मानने वाले लोग प्रतिदिन पितृपूजा कर चिड़ियों तथा जानवरों के लिये पत्तलों में खाना घर के बाहर रख देते हैं। पहले पक्षियों में कौवा सबसे महत्वपूर्ण होता था, क्योंकि सबसे पहले वही घर के बाहर रखे पत्तल पर टूट पड़ता था। [...]
Posted in पर्यावरण, विविध | Tagged birds, environment article, wildlife |
लेखक : हरीश चन्द्र चंदोला :: अंक: 24 || 01 अगस्त से 14 अगस्त 2009:: वर्ष :: 32 :August 1, 2009 पर प्रकाशित
जोशीमठ के ऊपर 10,000 फीट ऊँचे ऑली में जो 200 करोड़ रुपए से अधिक का काम दक्षिण एशिया के शीत खेलों के लिये केन्द्र तथा उत्तराखंड सरकार ने दिया था, उसका काफी कुछ भाग इस साल की पहली ही वर्षा में बह कर जोशीमठ शहर तथा उसके आसपास के गाँवों में आ गया। ये खेल [...]
Posted in पर्यावरण | Tagged auli, environment article, joshimath, winter games, पर्यावरण |
लेखक : राधा बहन :: अंक: 24 || 01 अगस्त से 14 अगस्त 2009:: वर्ष :: 32 :August 1, 2009 पर प्रकाशित
मैं ऋषिकेश से व्याँसी, देवप्रयाग व श्रीनगर होते हुए बद्रीनाथ राजमार्ग से हेलंग तक व वहाँ से उर्गम घाटी के लिये जा रही थी। बसों, टैक्सियों, रेस्तराओं, पर्यटक केन्द्रों और शोरूमों पर हर जगह एक ही शब्द लिखा मिलता था ‘देवभूमि उत्तराखण्ड’। बार-बार कर उभर-उभर कर आने वाला यह वाक्य मानो जबरन सिद्ध करने का [...]
Posted in पर्यावरण, यात्रायें | Tagged environment article, global warming, river pollution, save rivers, पर्यावरण |
लेखक : भुवन जोशी :: अंक: 24 || 01 अगस्त से 14 अगस्त 2009:: वर्ष :: 32 :August 1, 2009 पर प्रकाशित
जलवायु परिर्वतन के गंभीर प्रभाव हिमालय के वातावरण, तापमान, भूमि, जैव विविधता, आजीविका और संस्कृति आदि पर भी दिखने लगे हैं। बागेश्वर जिले के कपकोट विकास खण्ड में समुद्र सतह से 3,000 मीटर ऊँचाई के आसपास स्थित ग्राम खाती, बाछम, उमला, भगदानू, खलीधार(सेरा) व सूपी गाँवों के ग्रामीणों से सम्पर्क के दौरान पता चला कि [...]
Posted in पर्यावरण | Tagged climate change, crisis, environment article, global warming, पर्यावरण |
लेखक : कमल नेगी :: अंक: 23 || 15 जुलाई से 31 मार्च 2009:: वर्ष :: 32 :July 15, 2009 पर प्रकाशित
राज्य बनने के बाद उत्तराखंड के ग्रामीण अंचलों में बिल्डरों की एवं भूमाफियाओं की बाढ़ सी आ गई है। जमीन की कीमतों में वृद्धि होने के कारण लोगों ने अपनी बेशकीमती जमीनों को इनके हवाले कर दिया है। गाँवों की कृषि भूमि एवं फल पट्टियाँ कंक्रीट के जंगल में तब्दील हो रही हैं। जमीनों की [...]
Posted in पर्यावरण, विविध, विशेषांक, हरेला-अंक | Tagged environment article, land mafia, uttarakhand crime, पर्यावरण |
पृष्ठ 1 कुल 2 पृष्ठों में..पृष्ठ : 12»
आपकी टिप्पणीयाँ