आशल-कुशल : 15 से 31 दिसंबर 2009
उत्तराखंड सरकार ने सूबे में स्वैच्छिक चकबंदी को बढ़ावा देने के लिए ग्राम प्रधानों की अध्यक्षता में समिति गठित करने का फैसला किया है। स्वैच्छिक चकबंदी को अपनाने वाले किसानों और गांवों की पंचायतों को कई सुविधाएँ दी जाएंगी। राज्य सरकार ने 111 हेडमास्टरों को प्रधानाचार्य पदों पर तरक्की देने तथा 11 संस्कृत विद्यालयों को [...]
आशल-कुशल – 01 दिसंबर से 14 दिसंबर 2009
उत्तराखंड के मुख्य मंत्री रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ और उत्तर प्रदेश की मुख्य मंत्री मायावती के बीच 28 नवम्बर को लखनऊ में हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में फैसला हुआ कि हरिद्वार कुम्भ मंे सुरक्षा के लिये उ.प्र. पुलिस मदद देगी, उत्तराखंड 4,000 पुलिसकर्मियों की भर्ती कर सकेगा और उ.प्र. मेडिकल पी.जी. डिप्लोमा की 16 सीटें पाँच [...]
सिर्फ जुआरियों का जमघट नहीं है लधौनधूरा का मेला
प्रस्तुति : राजेन्द्र गहतोड़ी काली कुमाऊँ का अतीत स्वर्णिम रहा है। मगर अतीत की विरासत को भविष्य के लिए सहेजने का का पक्ष कमजोर रहा है। संचार के नाम पर बनियों ने नोट छापने की मशीनें तो लगा दीं, लेकिन स्थानीय बेरोजगारों को पत्रकार बनाने के बावजूद स्थानीय संस्कृति को उजागर करने के लिए उनमें [...]
आशल-कुशल – 15 अक्टूबर से 31 अक्टूबर 2009
नए मुख्य मंत्री ‘निशंक’ नई कार्य संस्कृति के अपने वायदे के बारे में कुछ गंभीर अवश्य नजर आ रहे हैं। यही वजह है कि उन्होंने असलियत का सामना करने की हिम्मत दिखाई। असलियत उनके सामने इस रूप में प्रकट हुई कि देहरादून में उन्हें अपने ही सचिवालय के अनेक विभागों में दिनदहाड़े ताले लगे हुए [...]
आशल-कुशल 01 से 15 अक्टूबर
गैरसैंण को उत्तराखंड की स्थायी राजधानी बनाने की माँग को लेकर ‘गैरसैंण राजधानी संयुक्त मोर्चा’ ने आन्दोलन तेज कर दिया है। वन मंत्री बिशन सिंह चुफाल ने बचदा के स्थान पर भाजपा के नए प्रदेश अध्यक्ष का कार्यभार विधिवत संभाल लिया है। इस बीच मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ ने दिल्ली में वरिष्ठ नेता लालकृष्ण [...]
आशल-कुशल – अगस्त-सितंबर 2009
अप्रत्याशित रूप से भारी वर्षा के बाद पहाड़ों पर अब शरद की सुहावनी दस्तक पड़ गई है। पितृ पक्ष में लगातार चार-पाँच दिनों तक तेज बारिश से कई स्थानों पर भूमि स्खलन, पेड़ गिरने, जल भराव और अति वृष्टि से लोक हलकान रहे। कई स्थानों पर लोगों के डूबने-बहने के समाचार भी मिले। पहले सूखे [...]
कुमौड़ की हिलजात्रा
ग्रामीण परिवेश में रह रहे लोगों की अपने देवी देवताओं को मानने की परम्परा लम्बे समय से चली आ रही है। पिथौरागढ़ के कुमौड़ गाँव में आयोजित हिलजात्रा पर्व पर लखिया भूत को पूजने के साथ ही उसे प्रसन्न भी किया जाता है। हिलजात्रा आयोजन समिति के अध्यक्ष गोबिन्द सिंह महर (गोपू) के अनुसार हिलजात्रा [...]
आशल कुशल अगस्त-सितंबर 2009
मुख्य मंत्री रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ ने दिल्ली में प्रधानमंत्री, योजना आयोग के उपाध्यक्ष मोंटेक सिंह अहलूवालिया के साथ भेंट कर पूर्वोत्तर राज्यों की भांति उत्तराखंड के लिए भी विशेष पैकेज की मांग की। राज्य के लिए इस साल की 5574.70 करोड़ रु. की योजना को मंजूरी दी गई। नदियों में वांछित जल स्तर न होने [...]
स्वस्ती श्री
मेरी दुकान,मकान लूट लिया गया और पुलिस ने कुछ नहीं किया मैं आपके निष्पक्ष पत्र की ख्याति सुनकर अपनी व्यथा लिख भेज रहा हूँ। आशा है मुझे न्याय दिलवाने की कृपा करेंगे। मैं ग्राम छुलापे बर्दाखान, तहसील लोहाघाट, जिला चम्पावत का स्थायी निवासी हूँ। बर्दाखान में मेरे दादा स्व. टीकाराम पंत के समय से दुकान [...]
आशल कुशल – फरवरी 2008
शीत का प्रकोप इस वर्ष जोरों पर है। लगातार गिर रहे तापमान ने लोगों के होश उड़ा दिये हैं। हालाँकि प्रदेश के कुछ हिस्सों में ठीक-ठाक वर्षा हुई है, लेकिन अधिकांशतः वर्षा अभी औसत से नीचे ही है। राजनीति इन दिनों पौड़ी लोक सभा उपचुनाव के आसपास ठहर कर रह गई है। नैनीताल जनपद में [...]
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